यहां से आता है सरकार के पास पैसा, जानें- कैसे भरी जाती है सरकारी तिजोरी



बजट 2020 वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने पेश किया. जिसमें विभिन्न मंत्रालयों व कार्यों के लिए करोड़ों रुपये का आवंटन किया गया. लेकिन क्या आप जाaनते हैं कि सरकार को मिलने वाला हर एक रुपया कहां से आता है और कहां खर्च होता है? रुपये के आने और जाने की कहानी क्या है. आइए जानते हैं इस बारे में विस्तार से. 

सरकार को मिलने वाले प्रत्येक एक रुपये में से 20 पैसे उधारी व अन्य देनदारियों से मिलते हैं. 18 पैसे कॉरपोरेशन टैक्स से मिलते हैं. सरकार को मिलने वाले रुपये में 17 पैसे आयकर यानी इनकम टैक्स से हासिल होते हैं. इस रुपये में कस्टम टैक्स का हिस्सा 4 पैसे है.

केंद्रीय एक्साइज ड्यूटी इस एक रुपये में 7 पैसे का योगदान देती है. जीएसटी और अन्य टैक्स 18 पैसों का योगदान रुपये में देता है. गैर कर राजस्व से 10 पैसे हासिल होते हैं और गैर उधारी पूंजी प्राप्तियां से 6 पैसे आते हैं.

सरकार को मिलने वाले रुपये की तरह खर्च होने का भी अपना हिसाब है. सरकार के प्रत्येक एक रुपये की आमदनी में 20 पैसे राज्यों को टैक्स में भागीदारी के रूप में दिए जाते है

18 पैसे ब्याज के भगुतान में खर्च हो जाते हैं. 13 पैसे केंद्रीय सेक्टर की स्कीमों में खर्च हो जाते हैं. वित्त आयोग व अन्य हस्तांतरण में 10 पैसे चले जाते हैं

केंद्रीय सरकार द्वारा प्रायोजित स्कीमों के लिए रुपये में से 9 पैसे रखे जाते हैं. प्रत्येक एक रुपये में से 8 पैसे रक्षा से जुड़े व्यय पर खर्च होते हैं. 6 पैसे सब्सिडी पर खर्च हो जाते हैं.

पेंशन पर भी 6 पैसे खर्च होते हैं. इसके अलावा शेष बचे 10 पैसे सरकार के अन्य खर्चों के लिए होते हैं.

Source - Aaj Tak

A News Center Of Positive News By Information Center

Follow by Email